

पुरुषों में स्तन ऊतकों का बढ़ना एक सामान्य स्वास्थ्य स्थिति हो सकती है। कई बार यह वृद्धि दोनों स्तनों में दिखाई देती है, लेकिन कुछ मामलों में केवल एक ही स्तन का आकार बढ़ जाता है। इस स्थिति को एक तरफ़ा स्तन वृद्धि कहा जाता है। ऐसी स्थिति में कई लोग चिकित्सकीय सलाह लेने पर विचार करते हैं, और गंभीर मामलों में उदयपुर में पुरुषों के ब्रेस्ट रिडक्शन (गाइनेकोमास्टिया) की सर्जरी एक प्रभावी उपचार विकल्प के रूप में अपनाई जाती है। यह समस्या शारीरिक असुविधा के साथ-साथ मानसिक तनाव और आत्मविश्वास में कमी का कारण भी बन सकती है।
इस स्थिति के पीछे हार्मोन संबंधी असंतुलन, कुछ रोग, दवाओं का प्रभाव या जीवनशैली से जुड़े कारण हो सकते हैं। सही समय पर पहचान और उपचार से इस समस्या का प्रभावी प्रबंधन किया जा सकता है।

जब किसी पुरुष के केवल एक स्तन में ऊतकों की असामान्य वृद्धि हो जाती है और दूसरा स्तन सामान्य रहता है, तो उसे एक तरफ़ा स्तन वृद्धि एकतरफ़ा गाइनेकोमैस्टिया कहा जाता है। यह स्थिति धीरे-धीरे विकसित हो सकती है या कुछ मामलों में अचानक भी दिखाई दे सकती है।
प्रभावित स्तन में सूजन, कोमलता या आकार में स्पष्ट अंतर देखा जा सकता है। अधिकांश मामलों में यह गंभीर नहीं होती, लेकिन इसके पीछे के कारणों की जांच कराना आवश्यक होता है।
पुरुषों में स्तन वृद्धि किसी भी आयु में हो सकती है। नवजात शिशुओं, किशोरों और वृद्ध पुरुषों में यह अधिक देखी जाती है। यद्यपि दोनों स्तनों में वृद्धि अधिक सामान्य है, फिर भी केवल एक स्तन का बढ़ना भी असामान्य नहीं माना जाता।
यह समस्या निम्न लोगों में अधिक देखी जा सकती है:
इस स्थिति के कई संभावित कारण हो सकते हैं। सही कारण का पता लगाना उपचार के लिए महत्वपूर्ण होता है।
शरीर में हार्मोन स्तन ऊतकों के विकास को प्रभावित करते हैं। यदि पुरुष हार्मोन और स्त्री हार्मोन के स्तर में असंतुलन हो जाए, तो स्तन ऊतकों का आकार बढ़ सकता है।
मुख्य कारणों में शामिल हैं:
कुछ दवाएं स्तन वृद्धि की संभावना बढ़ा सकती हैं।
उदाहरण:
यदि किसी नई दवा के सेवन के बाद यह समस्या दिखाई दे, तो चिकित्सकीय सलाह अवश्य लें।
अधिक शरीर वसा के कारण स्त्री हार्मोन का निर्माण बढ़ सकता है, जिससे स्तन ऊतकों में वृद्धि होने लगती है। कई बार वसा का जमाव एक ओर अधिक दिखाई दे सकता है।
कुछ रोग भी इस स्थिति के लिए जिम्मेदार हो सकते हैं, जैसे:
अत्यधिक मद्यपान तथा कुछ नशीले पदार्थ हार्मोन संतुलन को प्रभावित कर सकते हैं।
इनमें शामिल हैं:
इस स्थिति के लक्षण व्यक्ति विशेष और कारण के अनुसार अलग-अलग हो सकते हैं।
सामान्य लक्षण हैं:
कुछ मामलों में स्तनाग्र के नीचे कठोर गांठ भी महसूस हो सकती है।

यदि निम्न लक्षण दिखाई दें, तो तुरंत चिकित्सकीय परामर्श लेना चाहिए:
समस्या के वास्तविक कारण का पता लगाने के लिए विभिन्न जांचें की जाती हैं।
चिकित्सक निम्न जानकारी प्राप्त कर सकते हैं:
स्तन के आकार, बनावट और सूजन की जांच की जाती है। साथ ही शरीर के अन्य अंगों का भी परीक्षण किया जा सकता है।
हार्मोन और अन्य शारीरिक कार्यों का मूल्यांकन करने के लिए रक्त परीक्षण किए जाते हैं।
आवश्यकता पड़ने पर निम्न जांचें कराई जा सकती हैं:
उपचार का चयन कारण और स्थिति की गंभीरता के आधार पर किया जाता है।
किशोरावस्था में होने वाली स्तन वृद्धि कई बार बिना किसी उपचार के स्वयं ठीक हो जाती है।
यदि समस्या किसी दवा के कारण हो रही हो, तो चिकित्सक दवा बदलने या उसकी मात्रा में संशोधन की सलाह दे सकते हैं।
हार्मोन असंतुलन पाए जाने पर संतुलन बहाल करने के लिए विशेष उपचार दिए जा सकते हैं।
स्वस्थ आहार और नियमित व्यायाम के माध्यम से वजन नियंत्रित रखने से लाभ मिल सकता है।
मुख्य उपाय:
यदि स्तन वृद्धि अधिक हो या अन्य उपचार प्रभावी न हों, तो शल्य चिकित्सा की सलाह दी जा सकती है।
कुछ मामलों में पूर्ण बचाव संभव नहीं होता, लेकिन जोखिम कम किया जा सकता है।
एक तरफ़ा स्तन वृद्धि पुरुषों के आत्मविश्वास और मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकती है। कई लोग सामाजिक परिस्थितियों से बचने लगते हैं या अपने शरीर को लेकर असहज महसूस करते हैं।
समय पर उपचार और उचित परामर्श से इन भावनात्मक चुनौतियों का सामना करना आसान हो सकता है।

पुरुषों में एक तरफ़ा स्तन वृद्धि कई कारणों से हो सकती है, जिनमें हार्मोन असंतुलन, मोटापा, दवाओं का प्रभाव और विभिन्न स्वास्थ्य समस्याएं शामिल हैं। यद्यपि यह अक्सर गंभीर नहीं होती, फिर भी किसी भी असामान्य परिवर्तन को नज़रअंदाज़ नहीं करना चाहिए। ऐसे मामलों में सही निदान और उपचार के लिए उदयपुर में सबसे अच्छे कॉस्मेटिक सर्जन से परामर्श लेना लाभदायक हो सकता है। समय पर जांच और उचित उपचार से इस स्थिति का सफलतापूर्वक प्रबंधन किया जा सकता है और व्यक्ति बेहतर स्वास्थ्य तथा आत्मविश्वास प्राप्त कर सकता है।